फ़ोर्क्स में आपका स्वागत है
सितंबर/अक्टूबर 2010
वाशिंगटन में फ़ोर्क्स एक छोटा कस्बा है जहां वर्षा बहुत होती है लेकिन बेहद लोकप्रिय ट्वाइलाइट उपन्यास शृंखला और उन पर बनीं हॉलीवुड फ़िल्मों ने इसे पर्यटकों में काफी लोकप्रिय बना दिया है।
मूसलाधार बारिश और घने कोहरे के बीच हम ओलिम्पिक नेशनल पार्क में कैस्केड माउंटेन्स की तीखी ढलानों वाली चोटियों के बीच से हाइवे 101 पर बढ़ रहे हैं। कोहरा इतना घना है कि न तो पेड़-पौधे दिख पा रहे हैं और न ही रास्ते में पड़ने वाले छोटे-छोटे कस्बे। फिर अचानक एक बड़ा सा लकड़ी का हरे रंग का संकेत दिखता है: फ़ोर्क्स में आपका स्वागत है।’’ जंगलों की कटाई पर आश्रित किसी छोटे से, सुस्त रफ्तार कस्बे की जगह हम जैसे किसी जादुई नगरी में पहुंच गए हैं। सब कहीं ‘‘ट्वाइलाइट’’ फ़िल्म से जुड़े संकेत और स्मृति से जुड़ी चीजों की भरमार है, दुकानों और सड़कों की पटरियों पर पर्यटकों की भरमार है।
वाशिंगटन राज्य के उत्तर-पश्चिमी छोर का यह वर्षा बहुल कस्बा स्टेफ़नी मायर के लोकप्रिय किशोरवय वैम्पायर प्रेम उपन्यास ‘‘ट्वाइलाइट’’ की पृष्ठभूमि है। कुछ बरस पहले तक फ़ोर्क्स की अर्थव्यवस्था भी जंगलों की कटाई पर आश्रित थी और यहां कुल 3,000 लोग रहते थे लेकिन ‘‘ट्वाइलाइट’’ शृंखला के उपन्यासों और उन पर बनी हॉलीवुड फ़िल्मों की लोकप्रियता ने इसे एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल बना दिया है। वैसे तो फ़िल्मों की शूटिंग पड़ोसी राज्य ऑरेगॅन और कनाडा में ब्रिटिश कोलम्बिया में की गई है लेकिन लोग नायिका का स्कूल, वैम्पायर परिवार का पुश्तैनी मकान और उपन्यासों और फिल्मों में वर्णित और कई जगहों को देखने के लिए यहां खिंचे चले आते हैं।
वैम्पायर उपन्यास से मिली प्रसिद्धि और भाग्य परिवर्तन से पहले तक यहां जंगलों की कटाई से जुड़े उद्योग में काम के अवसर कम हो रहे थे और बाकी कस्बों की ही तरह फ़ोर्क्स में भी बेरोजगारी के चलते जनसंख्या कम हो रही थी। पर्यटकों के नाम पर ‘‘हो वर्षा वन’’ के अद्भुत पेड़ों या ला पुश के खूबसूरत समुद्र तट को देखने के ख्वाहिशमंद इक्कादुक्का लोग ही यहां आते थे और वे भी क्विलयूट कबीले की बस्ती में टिकते थे जहां व्हेलों को देखने, पैदल सैर करने, मछली पकड़ने, लहरों की सवारी के साथ ही सूर्यास्त के अद्भुत दृश्य दिखाने की सुविधा वाले मकान हैं। यहां के लोगों के मन में धीमी सी आशा तो जगती थी कि उनका कस्बा पर्यटन के बूते टिका रहेगा लेकिन उन्होंने कभी कल्पना नहीं की थी कि किशोरों और वैम्पायरों के बारे में लिखा गया उपन्यास उनके कस्बे को पर्यटन मानचित्र पर ऐसी लोकप्रियता दिलवाएगा।
2 जून 2003 को यहां से हज़ारों किलोमीटर दूर स्थित रेगिस्तानी शहर फीनिक्स में एक गृहिणी की नींद एक रोमांचक सपना देखते हुए टूटी। अपनी वेबसाइट पर मायर याद करती हैं, ‘‘मुझे हज़ारों काम करने थे... लेकिन मैं सपने के बारे में सोचती लेटी रही... अनिच्छा के साथ मैं आखिरकार उठी, जल्दी-जल्दी सारे ज़रूरी काम किए और संभवत: जिन कामों को भी बाद के लिए टाल सकती थी, टाल दिया। और फिर मैं लिखने के लिए कंप्यूटर पर बैठ गई- ऐसा काम जो मैंने लंबे समय से नहीं किया था, मुझे आश्चर्य हो रहा था कि मैं इस झंझट में क्यों पड़ रही हूं।’’
यह सपना शृंखला के पहले उपन्यास ट्वाइलाइट में चैप्टर 13 के रूप में सामने आया ‘‘कन्फेशंस।’’ इसमें एक औसत लड़की और ‘एक गज़ब का खूबसूरत, दमकता... वैम्पायर’ जंगल के बीच, जंगली फू लों के मैदान में, गहन संवाद में खोए हैं। मायर को याद है कि खूबसूरत वैम्पायर लड़की को उसके प्रति अपने प्रेम के बारे में बताते हुए इस बात को लेकर व्यथित था कि वह उसे मार डालना चाहता है। यह सपना और इसके रहस्यमय चरित्र मायर की चेतना पर छा गए। अपने बच्चों को पालते-पोसते, उन्हें तैराकी के लिए ले जाते, वह उपन्यास के कथाक्रम को तराशती रहतीं और रात को सभी के सो जाने के बाद उसे कम्प्यूटर पर लिख डालतीं।
मायर अपनी इस कहानी को किसी ऐसी जगह पर साकार होते देखना चाहती थीं जहां हल्का अंधेरा और बारिश बने रहते हों- इंटरनेट पर स्थान की तलाश करते हुए उन्होंने पाया कि अमेरिका में सबसे ज्यादा बारिश वाशिंगटन के ओलिम्पिक पेनिनसुला में होती है। उस क्षेत्र के नक्शों में ‘दूरदराज़ का, जंगलों से घिरा... कोई छोटा सा कस्बा’ ढूंढते हुए उनकी निगाह फोर्क्स पर टिकी- यहां हर बरस औसतन तीन मीटर बारिश होती है। फिर मायर ने पाया कि इसके पास ही क्विलयूट कबीले की बस्ती भी है जो खुद को भेडि़यों का वंशज मानते हैं। मायर ने उन्हें भी कहानी में पिरो लिया।
धूप भरे रेगिस्तानी शहर फीनिक्स से अपने पिता चार्ली के पास, फोर्क्स में रहने आई किशोरी ईज़ाबेला ‘‘बेला’’ स्वान के जीवन के बारे में मायर की कहानी अब तक चार उपन्यासों में बदल चुकी है। फोर्क्स में आने पर बेला जल्दी ही एक खूबसूरत वैम्पायर एडवर्ड कलन से प्रेम करने लगती है जो 104 बरस का है लेकिन एक किशोर की तरह दिखता है। क्विलयूट कबीले के जैकब ब्लैक से भी उसकी अच्छी दोस्ती है, यह परमशक्तिशाली भेडि़या मानव में बदल सकता है। बेला का जीवन खतरों से घिरा है क्योंकि कई वैम्पायर उसे मार डालने के प्रयास करते रहते हैं, लेकिन उसके दोनों चाहने वाले, एडवर्ड और जैकब, उसे बचाते रहते हैं।
वैम्पायर शृंखला का पहला उपन्यास ‘‘ट्वाइलाइट’’ वर्ष 2005 में प्रकाशित हुआ और पहले ही संस्करण में इस की 75,000 प्रतियां छपीं। महीनेभर में ही यह द न्यू यॉर्क टाइम्स की बच्चों की सबसे ज्यादा बिकने वाली पुस्तकों की सूची में पांचवें नम्बर पर पहुंच गया और फिर बहुत जल्दी ही पहले स्थान पर। वर्ष 2006 में मायर ने इसकी अगली कड़ी लिखी ‘न्यू मून’, 2007 में ‘इक्लिप्स’ और 2008 में ‘ब्रेकिंग डॉन’। ‘‘ट्वाइलाइट’’ पर बनी इसी नाम की फिल्म 21 नवम्बर 2008 को प्रदर्शित हुई और बहुत सफ ल रही। शृंखला के सभी उपन्यासों पर फिल्में बन चुकी हैं ‘ब्रेकिंग डॉन’ दो खंडों में 2011 और 2012 में प्रदर्शित होगी।
क्विलयूट कबीले और जैकब ब्लैक की भूमिका पर केंद्रित दुकान नेटिव टु ट्वाइलाइट के कर्मचारी सैम्यूल शेलर बताते हैं : ‘‘इसी बीच 2007 की गर्मियों में ‘‘ट्वाइलाइट’’ से जुड़ी जगहों को ढूंढते पर्यटक फोर्क्स पहुंचने लगे। ज़्यादातर तो अपने परिवारों के साथ आई किशोरियां ही होती थीं जो ‘‘टीम एडवर्ड’’ या ‘‘टीम जैकब’’ छपी टी-शर्टें पहने घूमती और तस्वीरें खींचती रहती थीं।’’ कस्बे का कोई भी हिस्सा, जिसके नाम से फोर्क्स जुड़ा हो, इनके कैमरों से बच नहीं पाता था। शेलर याद करते हैं : ‘‘पहली फिल्म प्रदर्शित होने के बाद तो और भी ज्यादा लोग आने लगे।’’ जल्द ही, अमेरिका के अलावा और भी देशों से पर्यटक यह देखने आने लगे कि फ़ोर्क्स क्या सचमुच उनकी कल्पना पर खरा उतरता है। कस्बे के लोग शुरू में तो पर्यटकों को कुछ कौतूहल से ही देखते थे लेकिन जल्दी ही उन्होंने पर्यटन की आर्थिक संभावनाओं को पहचान लिया।
डैज़ल्ड बाय ट्वाइलाइट स्टोर एंड टूर कम्पनी की कर्मचारी फोर्क्स की कोरा लॉटस्पीच कहती हैं कि हमारे शांत कस्बे में नए चेहरों से रौनक आई है, ‘‘हालांकि कुछ लोग जरा चिढ़े हुए भी हैं- उन्हें पहले वाली शान्ति याद आती है, वे वाहनों और लोगों की भीड़ से ऊब गए हैं। मुझे लगता है कि फोर्क्स आगे भी पर्यटकों की पसंदीदा जगह रहेगा और लोग यहां के खूबसूरत नज़ारे देखने आया करेंगे। ‘‘ट्वाइलाइट’’ हमारे कस्बे के इतिहास का हिस्सा सदा रहेगा लेकिन इसकी प्रसिद्घि का दौर सदा नहीं रहने वाला, जब तक यह दौर चल रहा है, हमें इसका मजा लेना चाहिए।’’
‘‘ट्वाइलाइट’’ के दीवाने ‘‘ट्वाइहार्ड्स’’ या ‘‘ट्वाइलाइटर्स’ के लिए फोर्क्स को देखने के कई तरीके उपलब्ध हैं। कई दुकानों पर फिल्मों या उपन्यासों पर आधारित नक्शे और पर्यटन साहित्य उपलब्ध हैं। ‘‘टीम जैकब’’ छपी टी-शर्ट पहने 9 बरस की एवरी एलिस स्टॉकलैंड से अपनी दादी के साथ आई हैं, वह खुद अपनी पसंदीदा जगहें ढूंढेंगी, ‘‘मैं अंदाज़ा लगा रही हूं कि वह कहां होंगी- यह किसी छिपे खज़ाने को ढूंढने जैसा हैं।’’
वाशिंगटन की जेनिफ़र बॉग्स ने ‘‘ट्वाइलाइट’’ टूर पर जाना इसलिए पसंद किया क्योंकि उन्हें लगा कि यह ज्यादा मज़ेदार होगा। मैं ऐसे लोगों की संगत में शहर देखना चाहती थी जिन्हें मेरी ही तरह ‘‘ट्वाइलाइट’’ पढ़ने में मज़ा आया हो। फोर्क्स चैम्बर ऑफ़ कॉमर्स 2008 की गर्मियों से ‘‘ट्वाइलाइट’’ टूर उपलब्ध करवा रहा है। निजी यात्रा कम्पनियां एक दिन में पूरी सैर करवा देती हैं: डैज़ल्ड बाय ट्वाइलाइट 39 डॉलर लेकर दिन में चार बार, दो से तीन घंटे की सैर करवाता है।
फोर्क्स की सैर करते हुए सबसे पहले आता है एडवर्ड कलन के परिवार का पुश्तैनी घर ‘द कलन हाउस’ जो असल में 1916 में बनी दोमंजिली मिलर ट्री इन नाम की सराय है। प्रमुख द्वार से अन्दर झांकने पर समझ में आ जाता है कि सराय के मालिक और मालकिन बिल सूसन ब्रेगर को सराय का नया परिचय पसंद आया है। उन्होंने हर कमरे में कलन परिवार के सदस्यों के नामों की पट्टिकाएं लगाई हैं, ‘‘अगले कमरे में रखे पियानो को हम एडवर्ड का पियानो कहते हैं, यहां संगीत की सीडी और बोर्ड गेम्स के अलावा हमने अखबारों और पत्रिकाओं से ली गई ‘‘ट्वाइलाइट’’ से जुड़ी कटिंग्स की स्क्रैपबुक भी रखी हैं ताकि हमारे मेहमान खाली समय में उनका आनंद उठा सकें।’’ अगले दरवाजे के साथ लगे मैसेज बोर्ड पर एडवर्ड की मां कलन की ओर से गए संदेश टंगे हैं और डाक के बक्से पर गृहस्वामी का पारिवारिक नाम ‘कलन’ लिखा है।
दूसरी जगह है वह पुलिस स्टेशन जहां चार्ली स्वान काम करते हैं। काम के घंटों के दौरान सिटी हॉल पहुंचें तो आप ‘‘ट्वाइलाइट’’ अतिथि पुस्तक में हस्ताक्षर करके अपनी उपस्थिति दर्ज करवा सकते हैं। इस अतिथि पुस्तक में सीएटल से लेकर फिलिपीन तक से आए हज़ारों पर्यटकों के हस्ताक्षर हैं। अगला पड़ाव फोर्क्स हाई स्कूल है जहां बेला और एडवर्ड पढ़ते हैं। यह इमारत हाल ही में असुरक्षित घोषित होने के बाद फिलहाल तोड़ी जा रही है, इसके टुकड़े स्मृति चिन्हों के तौर पर बेचे जा रहे हैं ताकि इसी जगह एक नया स्कूल बनाया जा सके।
यहां से आप फोर्क्स आउटफ़िटर्स नाम की दुकान तक जा सकते हैं जहां, उपन्यासों में, बेला काम करती है। इस दुकान में आप शिशुओं के कपड़ों से लेकर बरसाती जूतों और कॉफी मग तक, ‘‘ट्वाइलाइट’’ स्मृतिचिन्हों से सजे कई सामान खरीद सकते हैं। भूख लगे तो पास ही में थ्रिफ़्टवे से कुछ खरीद कर खाया जा सकता है, बेला घर का किराने का सामान यहीं से खरीदती है। यहां खून जैसी लाल या काली फ्रॉस्टिंग से सजे कपकेक हैं तो बेला की भूरी आंखों से मेल खाती ‘‘ट्वाइलाइट’’ कॉफी और बेला चॉकलेट भी। फोर्क्स चैम्बर ऑफ़ कॉमर्स में एक विज़िटर्स सेंटर है जहां सामने ही बेला का पुराना, जंग लगा 1956 का बना चेवी ट्रक खड़ा है।
इसके बाद आता है चार्ली और बेला का घर। मायर ने अपनी उपन्यास शृंखला में किसी खास घर का ज़िक्र तो नहीं किया है लेकिन यह वैसा ही दोमंजिला, क्राफ़्ट्समैन शैली का मकान है जैसा उपन्यास में चार्ली का घर बताया गया है। और बस इसीलिए फोर्क्स चैम्बर ऑफ़ कॉमर्स ने इसे स्वान परिवार के घर के तौर पर चुन लिया। वैसे यह किसी की निजी सम्पत्ति है।
अगला पड़ाव वह अस्पताल है जहां एडवर्ड के पिता कार्इल कलन डॉक्टर हैं। अस्पताल की पार्किंग में एक पट्टी लगी है: ‘‘डॉ. कलन: रिज़र्व्ड पार्किंग ओनली।’’ आगे जाकर वैम्पायर/भेडि़यामानव संधिरेखा है। वहां भी एक पट्टी लगी है :‘‘नो वैम्पायर्स बियांड दिस पॉइंट।’’ अब भेडि़या मानव क्षेत्र शुरू होता है- यहां जैकब ब्लैक का लाल, एक मंजिला मकान है जिसका रंग कहीं-कहीं से उड़ रहा है और सामने एक जंगखाई मोटरसाइकिल खड़ी है। एलिस को यहां आकर मजा आया क्योंकि ‘‘जिस तरह मोटरसाइकिल खड़ी की गई है, उसे देखते लगता है कि यह सचमुच ही जैकब का घर है।’’
फिर हम फोर्क्स से 24 किलोमीटर पश्चिम में क्विलयूट सरंक्षित क्षेत्र में पहुंचते हैं जहां ऐन प्रशांत महासागर के तट पर ला पुश कस्बा बसा है। जेनिफ़र बॉग्स उत्साह से बताती है, ‘‘ला पुश का फर्स्ट बीच मेरी पसंदीदा जगह है। यहीं बेला का मित्र जैकब उसे एडवर्ड की असलियत बताता है। यह जगह वैसी ही है जैसी होने की मैंने कल्पना की थी। समुद्रतट बहुत ही सुन्दर है और यहां पड़ी समुद्र से बहकर आई लकड़ी तो मुझे बहुत ही अच्छी लगीं।
फोर्क्स से 90 किलोमीटर की दूरी पर स्थित पोर्ट एंजिलिस में एक स्टोर है गॉट्सचॉक्स जहां से बेला और उसकी सहेलियां एंजेलिना और जेसिका ने हाईस्कूल की फेयरवेल पार्टी के लिए प्रॉम पोशाकें खरीदीं। यहीं पोर्ट बुक एंड न्यूज़ स्टोर है, बेला ने यहां जाने से इनकार कर दिया क्योंकि उसे यहज्यादा ही नए जमाने का लगा था। उपन्यास में बेला शहर में झुटपुटे में घूमते राह भटक जाती है और एक गली में कुछ अपरिचित लोग उसे घेर लेते हैं। तभी एडवर्ड अपनी वोल्वो गाड़ी में आ पहुंचता है और उसे बेल्ला इटैलिया नाम के इतालवी रेस्तरां में खाना खिलाता है- बेला को वहां का मशरूम रैवियॅली बहुत पसन्द आता है। फोर्क्स और पोर्ट एंजिलिस के टूरों के अलावा वेंकूवर और ऑरेगॅन की उन जगहों के टूर भी उपलब्ध हैं जहां ट्वाइलाइट फिल्मों की शूटिंग हुई थी।
वर्ष 2005 में लगभग 5,000 आगंतुकों ने फोर्क्स चैम्बर ऑफ़ कॉमर्स की अतिथि पुस्तिका में हस्ताक्षर किए। 2009 तक अतिथि पुस्तिका में 70,000 हस्ताक्षर हो चुके थे- लोगों ने उपन्यास के चरित्रों के लिए प्रेम और प्रशंसा के भाव व्यक्त किए हैं। कस्बे में घूमते समय हर जगह ‘‘ट्वाइलाइट’’ से प्रेरित सामान या सजावट दिखती है। एनेट रूट और उनके पति ने कस्बे की प्रमुख सड़क नॉथ फोर्क्स एवेन्यू पर डैज़ल्ड बाय ट्वाइलाइट नाम का स्टोर खोला है (इसी नाम का स्टोर उन्होंने पोर्ट एंजिलिस में भी खोला है), एक टूर कम्पनी द ट्वाइलाइट लाउन्ज खोली है और द लॉज इन फोर्क्स नाम का एक रेस्तरां भी खोला है। एनेट ने पेनिनसुला वुमेन मैगज़ीन को बताया,‘‘यह सब किसी चीज के लिए वास्तविक लगाव से जुड़ा है। लोग इसीलिए तो यहां आते हैं- और हम सभी भी इसीलिए यहां हैं।’’ उनकी बात में दम हैं, आखिर उन्होंने ट्वाइलाइट शृंखला 22 बार पढ़ी है।
डैज़ल्ड बाय ट्वाइलाइट में कदम रखते ही आप जैसे किसी कल्पनालोक में पहुंच जाते हैं : फर्श पर एस्ट्रोटर्फ बिछी है, बड़े-बड़े नकली पेड़ों की पत्तियों के बीच नन्हे बल्ब जगमगाते हैं और सजावट पर ‘‘ट्वाइलाइट’’ का पूरा प्रभाव दिखता है। काउंटर संभाल रही किशोरियां लॉरेन पीटरसन और कोरा लॉटस्पीच एक सी डैज़ल्ड बाय ट्वाइलाइट टी-शर्ट पहने हैं।
‘‘ट्वाइलाइट’’ के खुमार का फायदा उठाते हुए कस्बे के कई लोगों ने अपने काम धंधों को वैम्पायर से जोड़ लिया है। कस्बे में ‘‘ट्वाइलाइट’’ कॉफी शॉप, ‘‘ट्वाइलाइट’’ फायरवुड स्टोर, ‘‘ट्वाइलाइट’’ ताला मरम्मत करने वाले के अलावा ‘‘ट्वाइलाइट’’ बरसाती जूते, चप्पलें, कपड़े, कॉफी़ और वाइन भी उपलब्ध हैं। सलीज़ बर्गर्स नाम की दुकान अब तक 12,000 से भी अधिक बेला बर्गर्स बेच चुकी हैं। कस्बे की एकमात्र फास्टफ़ूड की दुकान सबवे ट्वाइलाइट सब बेचती है जिसमें से गहरा लाल सॉस टपकता है। और तो और फ़िल्म में एडवर्ड की भूमिका निभाने वाले अभिनेता रॉवर्ड पैटिनसन का एक हमशक्ल भी शहर में घूमता पर्यटकों के साथ फोटो खिंचवाने के लिए उपलब्ध है, हां इस काम के कुछ पैसे ज़रूर लगेंगे।
पर्यटकों की भीड़ 13 सितंबर को स्टेफनी मायर डे पर जो उपन्यासों में बेला स्वान का जन्मदिन है, उफान पर होती है। उस दिन कस्बे के वासी और पर्यटक बर्थडे केक, गीतसंगीत और हमशक्ल प्रतियोगिता आयोजित करके मौजमस्ती मनाते हैं।

कैटलिन मैक्वी सीएटल, वाशिंगटन में रहकर लेखन कार्य कर रही हैं।










